Wednesday, 7 Oct 2026 Ashwin Krishna Dwadashi · VS 2083
Sensex72,638.70▲0.35%Nifty 5022,603.05▲0.21%Bank Nifty55,055.55▲0.62% USD₹96.43 BTC₹80,31,265▼3.41%
--° Delhi ऐपहिंदीEnglishसभी
नभ 24 — Nabh24
BREAKING
Tirumala Navaratri Brahmotsavam के लिए ₹300 darshan tickets 7 अक्टूबर को, 11 से 20 अक्टूबर तक VIP break darshan रद्द15 अक्टूबर से UPI पर नया fee नियम, ₹2,000 से ज्यादा के merchant payment पर 0.4% MDR; ग्राहकों से नहीं कटेगा पैसाTelangana SIR में Form-7 पर बवाल, Musheerabad में एक परिवार के 30 वोट हटाने की अर्जी; Congress-AIMIM ने उठाए सवालA Day After Delhi Protest, BJD Distances Itself From INDIA Bloc’s Odisha BandhWar-torn Iran sends $200 million to Hezbollah as Lebanon reels from devastationD. E. Shaw to open 6-lakh sq. ft. office in Hyderabad next yearLokayukta court sentences ACF to 3 years for possessing disproportionate assetsCongress announces solidarity deeksha till Rahul Gandhi is releasedEqual justice must become reality, not just a concept: MinisterGIDA authorised to develop Queen’s Walkway in Kochi, says High CourtFour pharmacies in Hyderabad face notices over sale records of habit-forming drugsInstagram stunt video lands three Hyderabad youths in police netModi calls for secure, open maritime order amid geopolitical disruptionsSought blessings: PM meets LK Advani as he completes 25 years in public officeWoman injured in knife attack after quarrel at Bengaluru parkRussia's massive overnight strike kills 24 across Kyiv and other regionsThree-day Amaravati Literature Festival 2026 begins at SRM University-A.P.
India

Uttarakhand के 27 लाख बिजली उपभोक्ताओं को राहत, नियामक आयोग ने UPCL का 5,900 करोड़ का दावा खारिज किया

Uttarakhand Electricity Regulatory Commission ने UP से संपत्ति-देनदारी बंटवारे से जुड़ा UPCL का करीब 5,900 करोड़ रुपये का दावा खारिज कर केवल 389.33 करोड़ रुपये मंजूर किए। फिलहाल बिजली दरों में कोई बढ़ोतरी नहीं होगी।

बिजली के खंभों और तारों का एक सामान्य दृश्य। Photo: Aravindan Ganesan / Wikimedia Commons (CC BY 2.0)

UPCL के दावे पर आयोग का बड़ा फैसला

देहरादून, 6 अक्टूबर 2026: Uttarakhand Electricity Regulatory Commission (UERC) ने राज्य के करीब 27 लाख बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत दी है। आयोग ने Uttarakhand Power Corporation Limited (UPCL) के उस करीब 5,900 करोड़ रुपये के दावे को खारिज कर दिया, जो उत्तर प्रदेश से परिसंपत्तियों और देनदारियों के बंटवारे से जुड़ा था।

आयोग ने इसमें से केवल 389.33 करोड़ रुपये को मंजूरी दी है। आयोग ने यह भी साफ किया है कि फिलहाल बिजली दरों में कोई बढ़ोतरी नहीं की जा रही है।

5,900 करोड़ के दावे में से UERC ने सिर्फ 389.33 करोड़ रुपये मंजूर किए; बाकी रकम उपभोक्ताओं पर नहीं डाली जाएगी।

84% हिस्सा सिर्फ ब्याज

आयोग के आकलन के मुताबिक UPCL के कुल दावे में असली रकम केवल 936.37 करोड़ रुपये की थी। बाकी करीब 4,963.65 करोड़ रुपये वर्षों की देरी पर चक्रवृद्धि ब्याज यानी carrying cost के रूप में मांगे गए थे, जो पूरे दावे का लगभग 84 प्रतिशत है।

AdvertisementMishra World270+ free online tools — GST, tax, EMI & moreCalculators, invoices, biodata and document tools. No sign-up, works on mobile.Use free tools

आयोग ने carrying cost को शून्य माना। केंद्र सरकार के उपक्रमों के करीब 572 करोड़ रुपये के बकाए को राज्य सरकार की ओर से शेयर पूंजी में बदलने के आधार पर मांगा गया रिटर्न भी खारिज कर दिया गया।

मंजूर रकम का ब्योरा

  • Depreciation: 288.70 करोड़ रुपये
  • Reasonable return: 97.75 करोड़ रुपये
  • Working capital पर ब्याज: 2.88 करोड़ रुपये
  • Carrying cost: शून्य

देरी पर आयोग की तीखी टिप्पणी

आयोग के अध्यक्ष ML Prasad, सदस्य (विधि) Anurag Sharma और सदस्य (तकनीकी) Prabhat Kishore Dimri ने इस मामले में पहले जनसुनवाई की थी। आयोग ने अपने आदेश में कहा कि 2003 में transfer scheme बनने के बाद UPCL वर्षों तक फाइल पर बैठा रहा।

2013 के बाद छह साल तक इस मामले में कोई पत्राचार नहीं हुआ। 2022 में अधिसूचना जारी होने के बाद भी मामला चार साल बाद 2026 में आयोग तक पहुंचा।

आयोग ने साफ कहा कि निगम और शासन के ढुलमुल रवैये और प्रशासनिक देरी का बोझ राज्य के उपभोक्ताओं पर नहीं डाला जा सकता।

मामला क्या है?

साल 2000 में उत्तर प्रदेश के पुनर्गठन से Uttarakhand अलग राज्य बना था। इसके बाद बिजली क्षेत्र की परिसंपत्तियों और देनदारियों का बंटवारा होना था। UPCL इसी बंटवारे के आधार पर अपने हिस्से की रकम की भरपाई चाहता था, जिसे वह आगे चलकर tariff के जरिए वसूल सकता था।

AdvertisementTech RajeshwarNeed a new website?Websites & apps built for your business — contact Tech RajeshwarContact us

अगर पूरा दावा मंजूर होता, तो इसका असर आने वाले वर्षों में उपभोक्ताओं के बिजली बिल पर पड़ सकता था। आयोग के फैसले से यह आशंका काफी हद तक खत्म हो गई है।

उपभोक्ताओं के लिए क्या मायने?

इस फैसले का सीधा फायदा राज्य के घरेलू, व्यावसायिक और औद्योगिक बिजली उपभोक्ताओं को मिलेगा। मंजूर रकम भी अगर tariff में आती है, तो उसे एक साथ नहीं बल्कि चरणबद्ध तरीके से जोड़ने पर विचार होगा। आयोग का रुख यह संदेश भी देता है कि प्रशासनिक देरी की कीमत उपभोक्ताओं से नहीं वसूली जाएगी।

आयोग ने साफ किया है कि मौजूदा आदेश के कारण अभी बिजली दरें नहीं बढ़ेंगी।

आगे क्या

आयोग ने सुझाव दिया है कि अगर राज्य सरकार चाहे तो मंजूर 389.33 करोड़ रुपये को UPCL की उन देनदारियों के साथ समायोजित कर सकती है, जो निगम को सरकार को चुकानी हैं। ऐसा न होने पर इस रकम को आगामी tariff प्रस्तावों में चरणबद्ध तरीके से शामिल करने पर विचार होगा, ताकि उपभोक्ताओं पर एकमुश्त बोझ न पड़े। अब सरकार और UPCL के अगले कदम पर नजर रहेगी।

Frequently asked questions

UERC ने UPCL का कितना दावा खारिज किया?

UPCL ने करीब 5,900 करोड़ रुपये का दावा किया था, जिसमें से आयोग ने केवल 389.33 करोड़ रुपये मंजूर किए।

यह दावा किस बारे में था?

यह दावा उत्तर प्रदेश से Uttarakhand के अलग होने के बाद बिजली क्षेत्र की परिसंपत्तियों और देनदारियों के बंटवारे से जुड़ा था।

दावे का बड़ा हिस्सा क्यों खारिज हुआ?

आयोग के मुताबिक करीब 4,963.65 करोड़ रुपये सिर्फ वर्षों की देरी पर मांगा गया चक्रवृद्धि ब्याज (carrying cost) था।

क्या बिजली दरें बढ़ेंगी?

आयोग ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल बिजली दरों में कोई बढ़ोतरी नहीं की जा रही है।

मंजूर 389.33 करोड़ रुपये का क्या होगा?

यह रकम राज्य सरकार UPCL की देनदारियों से समायोजित कर सकती है, वरना इसे आगामी tariff प्रस्तावों में चरणबद्ध तरीके से शामिल किया जा सकता है।

AdvertisementTech RajeshwarNeed a new website?Websites & apps built for your business — contact Tech RajeshwarContact us

Spotted a mistake? See our corrections policy or write to grievance@mishraworld.com.

नभ 24 app
Android application available

नभ 24 ऐप अब Android पर उपलब्ध है

ताज़ा खबरें, लाइव टीवी, राशिफल और हर राज्य की खबर — एक टैप में। मुफ़्त · 0.8 MB · v1.1.2

QR code: nabh24.com/appफ़ोन से स्कैन करें
AdvertisementMishra World270+ free online tools — GST, tax, EMI & moreCalculators, invoices, biodata and document tools. No sign-up, works on mobile.Use free tools
नभ 24
भाषाहिंदीEnglishसभी
Sections
More

नभ 24 · v1.1.2